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ढ़ींढसा ने कहा-अय्यर गलत, लेकिन गिल ने चुप्पी साधी

नयी दिल्ली, पूर्व केंद्रीय खेल मंत्री सुखदेव सिंह ढ़ींढसा ने एक अन्य पूर्व खेल मंत्री मणिशंकर अय्यर की राष्ट्रमंडल खेलों के बर्बाद हो जाने की टिप्पणी को सिरे से गलत बताया है, लेकिन मौजूदा खेल मंत्री एम.एस. गिल ने अय्यर के इस बयान पर कोई भी टिप्पणी करने से आज इनकार कर दिया। अय्यर ने मंगलवार को संसद के बाहर यह कहकर हंगामा खड़ा कर दिया था कि राष्ट्रमंडल खेलों के नाम पर पैसे की बड़े पैमाने पर बर्बादी हो रही है और यदि बारिश के कारण ये खेल विफल हो जाते हैं तो उन्हें बहुत खुशी होगी। अय्यर ने इस आयोजन की बर्बादी की दुआ की थी। ढींढसा ने मंगलवार रात एक कार्यक्रम में इस मुद्दे के बारे में पूछे जाने पर कहा था कि वैसे तो हर व्यक्ति का अपना-अपना अलग विचार होता है, लेकिन राष्ट्रमंडल खेलों को कामयाब बनाना देश की प्रतिष्ठा के साथ जुड़ा सवाल है। राष्ट्रमंडल खेलों का आयोजन किसी का व्यक्तिगत आयोजन नहीं है बल्कि यह देश का आयोजन है और इनके लिए इस तरह की टिप्पणी नहीं की जानी चाहिए। गिल ने बुधवार को संसद के बाहर संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि वह खेलों की तैयारियों से पूरी तरह संतुष्ट हैं, लेकिन अय्यर के बयान के बारे में पूछने पर उन्होंने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया। हालांकि राष्ट्रमंडल खेल आयोजन समिति के अध्यक्ष सुरेश कलमाडी अय्यर की टिप्पणी पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त कर चुके हैं। कलमाडी ने अय्यर के इस बयान को बेहद गैरजिम्मेदाराना, राष्ट्र विरोधी और हास्यास्पद कहा था। कलमाडी ने कहा था कि सामान्य समझ रखने वाला कोई भी भारतीय नागरिक कभी इस तरह की टिप्पणी नहीं करेगा। कलमाडी ने दावा किया था कि राजधानी में तीन से 14 अक्तूबर तक होने वाले 19वें राष्ट्रमंडल खेल अब तक के सबसे कामयाब खेल होंगे। लेकिन गिल अय्यर की इस बयानबाजी पर पूरी तरह चुप्पी साध गए हैं। उन्होंने कल नवनिर्मित जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम के उद्धाटन के अवसर पर भी इस बारे में पूछे गए सवालों का कोई जवाब नहीं दिया था।

 

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