पलामू में गिरती कानून-व्यवस्था के बीच पुलिस अवैध उगाही में व्यस्त: झारखंड क्रांति मंच
• हत्या व बलात्कार जैसी घटनाओं से बढ़ा अपराधियों का मनोबल: शत्रुघ्न कुमार शत्रु
• पीड़ित परिवार को 20 लाख मुआवजा, नौकरी और अपराधियों को फांसी देने की मांग
मेदिनीनगर (पलामू):
झारखंड क्रांति मंच के केंद्रीय अध्यक्ष शत्रुघ्न कुमार शत्रु ने पलामू जिले में लगातार बिगड़ती कानून-व्यवस्था पर गहरा आक्रोश व्यक्त करते हुए पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मेदिनीनगर में एक प्रेस बयान जारी कर उन्होंने कहा कि जिले में हत्या और दुष्कर्म जैसी गंभीर घटनाओं की बाढ़ आ गई है, लेकिन भ्रष्ट व अकर्मण्य पुलिस प्रशासन का सारा ध्यान सिर्फ अवैध उगाही पर केंद्रित है।
पूजा पंडाल से लौट रही महिला की हत्या व दुष्कर्म की निंदा
क्रांति मंच के अध्यक्ष ने नावाबाजार थाना क्षेत्र के बसना गांव निवासी शशि कुमार पासवान की 35 वर्षीया पत्नी गीता देवी की निर्मम हत्या व दुष्कर्म की कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने बताया कि गीता देवी पूजा पंडाल से लौट रही थीं, तभी अपराधियों ने उनका अपहरण कर इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया। उन्होंने कहा कि नावाबाजार पुलिस की निकृष्ट कार्यशैली के कारण क्षेत्र में अपराधियों व बलात्कारियों के हौसले बुलंद हैं।
जिले भर में बढ़ीं आपराधिक घटनाएं
शत्रुघ्न कुमार शत्रु ने जिले की अन्य आपराधिक घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि हाल ही में तुकबेरा पेट्रोल पंप के पास चौहान परिवार के घर में घुसकर सर्वजीत चौहान की गोली मारकर हत्या कर दी गई, जो गिरती कानून-व्यवस्था का जीता-जागता प्रमाण है। प्रभात मेहता का हत्या जो जिले के पुलिस प्रशासन को कटघरे मे खड़ा करता है जिसे लिये सीधे तौर से लाल जी चैनपुर थाना प्रभारी के ऊपर आरोप है इसके अलावा मनातू के तिलेश्वर सिंह और हुसैनाबाद के छोटू सिंह हत्याकांड जैसी घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस और भू-माफियाओं के गठजोड़ के कारण जमीन पर अवैध कब्जे की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं, जिससे पुलिस अधीक्षक कपिल चौधरी की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं।
आंदोलन की चेतावनी और सरकार से मांगें
झारखंड क्रांति मंच ने चेतावनी दी है कि यदि पुलिस प्रशासन ने अपनी कार्यप्रणाली में सुधार नहीं किया, तो मंच सड़क पर उतरकर उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगा।
मंच ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और पलामू के उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत से निम्नलिखित मांगें की हैं:
मृतका गीता देवी के हत्यारों और बलात्कारियों को त्वरित गिरफ्तार कर फांसी की सजा दी जाए।
पीड़िता के परिवार के एक आश्रित को सरकारी नौकरी तथा 20 लाख रुपये का मुआवजा प्रदान किया जाए।
मृतका के दोनों गंभीर रूप से बीमार बच्चों के मुफ़्त इलाज की व्यवस्था की जाए।
नावाबाजार के थाना प्रभारी संजय प्रसाद यादव और चैनपुर थाना प्रभारी लालजी का अविलंब तबादला किया जाए जो पलामू पुलिस की छवि को दागदार कर रहे हैं


.png)



