एमएमसीएच में पलामू डीसी का औचक निरीक्षण, अव्यवस्था और गंदगी पर अस्पताल प्रबंधन की लगाई क्लास*
संजय सिंह
पलामू: उपायुक्त दिलीप सिंह शेखावत लगातार जिले के विभिन्न सरकारी विभागों और संस्थानों का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने में जुटे हैं। पदभार ग्रहण करने के बाद से ही वे एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं। इसी क्रम में गुरुवार को उपायुक्त ने मेदिनीराय मेडिकल कॉलेज अस्पताल (एमएमसीएच) का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अस्पताल परिसर में फैली गंदगी, अव्यवस्थित व्यवस्था और मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं में कई कमियां पाए जाने पर उपायुक्त ने अस्पताल प्रबंधन को जमकर फटकार लगाई।
निरीक्षण के दौरान डीसी अस्पताल के विभिन्न वार्डों, ओपीडी, इमरजेंसी, दवा वितरण केंद्र और शौचालयों तक पहुंचे। कई जगहों पर साफ-सफाई की स्थिति संतोषजनक नहीं मिली। अस्पताल परिसर में फैली गंदगी और मरीजों के परिजनों की भीड़ को देखकर उन्होंने नाराजगी जाहिर की। डीसी ने कहा कि मेडिकल कॉलेज अस्पताल जिले का सबसे बड़ा सरकारी स्वास्थ्य संस्थान है, यहां इलाज कराने आने वाले मरीजों को बेहतर सुविधा मिलनी चाहिए। किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उपायुक्त ने अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके परिजनों से भी बातचीत कर इलाज और सुविधाओं की जानकारी ली। कई मरीजों ने समय पर दवा नहीं मिलने, सफाई व्यवस्था खराब होने और कर्मचारियों के व्यवहार को लेकर शिकायत की। शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए डीसी ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने का निर्देश दिया।
निरीक्षण के दौरान अस्पताल के कई कर्मचारियों की कार्यशैली पर भी सवाल उठे। डीसी ने अस्पताल प्रबंधन को निर्देश दिया कि डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों की उपस्थिति नियमित रूप से सुनिश्चित की जाए तथा मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। उन्होंने साफ कहा कि अगर दोबारा निरीक्षण में वही स्थिति मिली तो जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों पर कार्रवाई तय होगी।
डीसी ने अस्पताल परिसर में साफ-सफाई की व्यवस्था मजबूत करने, मरीजों के लिए पेयजल, शौचालय और बैठने की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही अस्पताल में दलालों की सक्रियता पर भी नजर रखने को कहा ताकि मरीजों को किसी प्रकार से निजी अस्पतालों की ओर बहकाया न जा सके।
पलामू डीसी के इस औचक निरीक्षण के बाद अस्पताल प्रशासन में हड़कंप मच गया। अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच पूरे दिन निरीक्षण और डीसी की सख्ती की चर्चा होती रही। लोगों का कहना है कि लगातार हो रहे निरीक्षण और कार्रवाई से सरकारी विभागों में जवाबदेही बढ़ेगी और आम लोगों को बेहतर सुविधा मिल सकेगी।





