BREAKING NEWS

logo

दहेज लोभी पति ने पत्नी को छोड़ा की दूसरी शादी, मासूम बेटी संग दर-दर भटक रही पीड़िता


दहेज लोभी पति ने पत्नी को छोड़ा की दूसरी शादी, मासूम बेटी संग दर-दर भटक रही पीड़िता

थाना में फरियाद के बाद भी पीड़िता की अभी तक नहीं हुई है कोई सुनवाई

संजय सिंह
पलामू: जिले से एक बेहद गंभीर और संवेदनशील मामला सामने आया है, जहां एक महिला ने अपने पति और ससुराल पक्ष पर दहेज प्रताड़ना, मारपीट और दूसरी शादी करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। न्याय की आस में पीड़िता अपनी मासूम बेटी को लेकर दर-दर भटकने को मजबूर है।
पीड़िता हेमा रानी (30 वर्ष), पिता सुदामा सिंह, निवासी रजवाडीह (सदर थाना क्षेत्र) ने महिला थाना में आवेदन देकर पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई है। पीड़िता के अनुसार, उसकी शादी 12 जून 2015 को अरविंद कुमार मेहता, निवासी भुसरा थाना पड़वा के साथ डालटनगंज स्थित बेलवाटिका मेमोरियल हॉल में हुई थी। शादी के दौरान उसके पिता ने अपनी क्षमता से बढ़कर करीब 11 लाख रुपये नगद, बुलेट मोटरसाइकिल और सोना-चांदी समेत कई सामान दिए थे।
इसके बावजूद ससुराल पक्ष द्वारा लगातार 10 लाख रुपये अतिरिक्त दहेज की मांग की जाती रही। मांग पूरी नहीं होने पर उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा। पीड़िता ने आरोप लगाया कि पति, ससुर, सास, देवर-देवरानी और ननद सहित अन्य परिजनों ने मिलकर उसे प्रताड़ित किया। कई बार मारपीट की गई, खाना तक बंद कर दिया गया और जान से मारने की कोशिश भी की गई।
पीड़िता का कहना है कि बेटी के जन्म के बाद उसकी स्थिति और खराब हो गई, क्योंकि ससुराल पक्ष को पुत्र की चाहत थी। इसी बीच, 15 जनवरी 2026 को उसके पति ने सासाराम के एक मंदिर में दूसरी शादी कर ली, जबकि वह पहले से विवाहित है और उसकी एक बेटी भी है। विरोध करने पर उसे गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी गई।
भुक्तभोगी महिला कुमारी हेमा रानी की एक पुत्री भी है। फिलहाल उसका पति दूसरी पत्नी के साथ अपने घर में रह रहा है, जबकि पहली पत्नी हेमा रानी को घर से निकाल दिया गया है। पीड़िता अपनी मासूम बेटी के साथ मायके में रहने को मजबूर है और न्याय के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
इस संबंध में महिला थाना प्रभारी रूपा बारला ने बताया कि मामला दर्ज कर लिया गया है और फिलहाल प्रक्रिया में है। वरीय अधिकारियों के दिशा-निर्देश के पश्चात ही आगे की कार्रवाई और गिरफ्तारी की जाएगी।
पीड़िता ने सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। यह मामला एक बार फिर समाज में दहेज प्रथा और महिलाओं के प्रति हो रहे अत्याचार पर गंभीर सवाल खड़े करता है। अब पीड़िता को प्रशासन से न्याय मिलने की उम्मीद है।