विश्व वानिकी दिवस व सरहुल पर पौधारोपण कर डॉ कौशल ने दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
विश्व वानिकी दिवस व सरहुल पर पौधारोपण कर डॉ कौशल ने दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
- प्रकृति से केवल लेना नहीं देना भी सीखें : डॉ कौशल व पार्षद अमित
-
पलामू,
विश्व वानिकी दिवस एवं सरहुल प्रकृति पूजा के अवसर पर छतरपुर स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय में शनिवार को भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन पर्यावरणविद डॉ. कौशल किशोर जायसवाल ने मुख्यातिथि जिला पार्षद अमित कुमार जायसवाल व वार्डेन वेदिका कुमारी के साथ दीप प्रज्वलित कर राष्ट्रीय गान के साथ किया।
इस अवसर पर डॉ. कौशल ने कन्या पूजन एवं पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने कहा, “प्रकृति से केवल लेना ही नहीं, बल्कि उसे देना भी सीखना होगा। यदि हम अपनी और आने वाली पीढ़ी की सुरक्षा चाहते हैं, तो ‘पर्यावरण धर्म’ को जीवन में अपनाना आवश्यक है।”
कार्यक्रम के दौरान थाईलैंड प्रजाति के आम, तमिलनाडु का बारहमासी मूंगा तथा केरल का बारहमासी कटहल का पौधा लगाया गया। साथ ही उपस्थित लोगों को “पर्यावरण धर्म” अपनाने की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम का समापन वृक्षों पर रक्षाबंधन कर किया गया।
मुख्य अतिथि जिला परिषद सदस्य अमित कुमार जायसवाल ने विश्व वानिकी दिवस एवं सरहुल की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उनके पिता डॉ. कौशल का जीवन पर्यावरण संरक्षण के प्रति समर्पित रहा है, जिससे सभी को प्रेरणा लेने की आवश्यकता है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही विद्यालय की वार्डेन वेदिका कुमारी ने कहा कि डॉ. कौशल के प्रयासों से ही क्षेत्र के विद्यालयों का परिसर हरा-भरा बना हुआ है, जो गर्व की बात है।
इस अवसर पर शिक्षिका गौरी तिवारी, रीना मैडम, सविता मैडम, मेदिता मैडम सहित सैकड़ों छात्राएं उपस्थित रहीं।





