क्वेटा (बलोचिस्तान) पाकिस्तान, बलोचिस्तान की आजादी के लिए संघर्षरत बलोचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) के अभियान से तिलमलाई पाकिस्तान की सेना राजधानी क्वेटा के विभिन्न इलाकों से 100 से ज्यादा लोगों को उठा ले गई है। इन सभी को घरों से अगवा किया गया है।
द बलोचिस्तान पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, प्रांतीय सरकार ने दावा किया है कि सेना ने 100 संदिग्धों को गिरफ्तार किया है और कई घरों से छोटे-बड़े हथियार बरामद किए हैं। हालांकि, प्रांतीय सरकार ने मीडिया को कोई सबूत नहीं दिया। प्रांतीय सरकार दावा किया कि बलूचिस्तान में स्थिति नियंत्रण में है। हालांकि, नुश्की समेत कई इलाकों में स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है और संचार व्यवस्था ठप है।
यह उल्लेखनीय है कि 31 जनवरी को बलोचिस्तान के क्वेटा, ग्वादर, पसनी, दलबांदिन, खारान और नुश्की समेत 12 शहरों में बीएलए ने सैन्य प्रतिष्ठानों को निशाना बनाकर हमले किया। रिपोर्ट के अनुसार क्वेटा से उठाए गए लोगों में 25 वर्षीय असदुल्लाह भी शामिल है। जफरुल्लाह कुर्द का पुत्र असदुल्लाह बलोचिस्तान विश्वविद्यालय में बीएससी का छात्र है। पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, असदुल्लाह को बुधवार और गुरुवार की आधी रात क्वेटा के बुरोरी रोड से अगवा किया गया।
इस बीच, हथियारबंद लोगों ने खुजदार जिले की तहसील नल पुलिस चौकी पर कब्जा कर लिया और वहां मौजूद अधिकारियों को हिरासत में ले लिया। सशस्त्र लोगों ने पुलिस के हथियार छीन लिए और वाहनों को जला दिया। इस घटना की जिम्मेदारी अभी तक किसी भी समूह ने नहीं ली है।
इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) ने गुरुवार को विज्ञप्ति में कहा कि सुरक्षा बलों ने बलोचिस्तान में ऑपरेशन रद-उल-फितना-1 को सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। इस अभियान में 216 विद्रोही मारे गए। इस दौरान विदेशी मूल के हथियारों, गोला-बारूद, विस्फोटकों और उपकरणों का बड़ा जखीरा भी बरामद किया गया है। अभियान के दौरान महिलाओं और बच्चों सहित 36 निर्दोष नागरिकों की जान चली गई। गोलीबारी में 22 जवानों की भी मौत हो गई।
पाकिस्तान की सेना क्वेटा में घरों में घुसी, 100 से अधिक बलोच लोगों को उठा ले गई






