हजारीबाग: जिले के कटकमसांडी थाना क्षेत्र में 6 सितंबर की रात हुई एक व्यक्ति की हत्या के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मृतक की पहचान जगेश्वर भुइयां के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, शुरुआती जांच में हत्या के पीछे एक महिला से कथित संबंध को लेकर विवाद की बात सामने आई है। मामले में अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस के अनुसार, घटना कटकमसांडी थाना क्षेत्र के तोरार गांव में 6 सितंबर की रात हुई। हत्या के बाद मामले को लेकर मृतक की पत्नी फुलमति देवी ने पुलिस में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर कटकमसांडी थाने में 7 सितंबर 2026 को प्राथमिकी दर्ज की गई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी और घटना की जांच के लिए विशेष टीम गठित की। पुलिस के मुताबिक, मामले की जांच मुख्यालय डीएसपी ज्ञान रंजन के नेतृत्व में गठित टीम ने की। टीम ने घटनास्थल से जुड़े तथ्यों, संदिग्धों की गतिविधियों और स्थानीय स्तर पर सामने आए विवादों की जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस को दो संदिग्धों के बारे में जानकारी मिली, जिसके बाद दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ के आधार पर पुलिस ने दोनों को इस मामले में गिरफ्तार किया। पुलिस ने इस मामले में डिबल बांध गांव निवासी मंगरा कच्छप उर्फ गुमन कच्छप और रतन कुजूर को गिरफ्तार किया है। दोनों कटकमसांडी थाना क्षेत्र के रहने वाले बताए गए हैं। स्थानीय रिपोर्ट के मुताबिक, दोनों को गिरफ्तार करने के बाद पुलिस ने न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई की। पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में हत्या के पीछे एक महिला से कथित संबंध को लेकर विवाद की बात सामने आई है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पूछताछ में दावा किया कि जगेश्वर भुइयां के गांव की ही एक महिला के साथ कथित संबंध थे और इसी बात को लेकर विवाद चल रहा था। कुछ रिपोर्टों के अनुसार, आरोपियों ने कथित तौर पर जगेश्वर को महिला से दूर रहने की चेतावनी भी दी थी। पुलिस अब यह सत्यापित कर रही है कि हत्या की वास्तविक वजह यही विवाद था या इसके पीछे कोई अन्य कारण भी था। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर कथित तौर पर घटना में इस्तेमाल लाठी-डंडे और एक मोबाइल फोन बरामद किया है। बरामद सामान को जांच का हिस्सा बनाया गया है। मोबाइल फोन की जांच के जरिए पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर सकती है कि घटना से पहले और बाद में आरोपियों की किन लोगों से बातचीत हुई थी और घटना के समय उनकी गतिविधियां क्या थीं। पुलिस ने साफ किया है कि मामले में अभी जांच पूरी नहीं हुई है। गिरफ्तार दो आरोपियों के अलावा अन्य संभावित आरोपियों और उनकी भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस की छापेमारी टीम उन लोगों की तलाश में जुटी है, जिनके बारे में जांच के दौरान जानकारी सामने आ रही है। गिरफ्तारी अभियान में मुख्यालय डीएसपी ज्ञान रंजन के अलावा पेलावल अंचल के पुलिस निरीक्षक सपन महथा, कटकमसांडी थाना प्रभारी अनुपम प्रकाश तथा अन्य पुलिस अधिकारी और जवान शामिल रहे। पुलिस ने स्थानीय स्तर पर पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश की। अब पुलिस के सामने कई अहम सवाल हैं—हत्या की पूरी योजना कैसे बनी, घटना के समय वहां कौन-कौन मौजूद था, बरामद हथियारों का इस्तेमाल किस तरह हुआ और क्या इस वारदात में गिरफ्तार आरोपियों के अलावा अन्य लोग भी शामिल थे। पुलिस कथित संबंध वाले विवाद की भी जांच कर रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि वही हत्या का कारण था या मामले में कोई दूसरा विवाद भी जुड़ा हुआ था। फिलहाल दो आरोपी पुलिस की गिरफ्त में हैं और मामले में आगे की जांच जारी है। पुलिस द्वारा लगाए गए आरोप जांच का हिस्सा हैं; अदालत में दोष सिद्ध होने तक आरोपियों को कानूनन निर्दोष माना जाता है।6 सितंबर की रात हुई थी हत्या
जांच के लिए एसआईटी गठित
दो आरोपियों की गिरफ्तारी
कथित संबंध को लेकर विवाद का एंगल
हत्या में इस्तेमाल सामान बरामद
अन्य आरोपियों की भूमिका भी जांच के घेरे में
पुलिस टीम ने कैसे की कार्रवाई?
आगे क्या होगी जांच?







