बीपीएम +2 हाई स्कूल में आग से बचाव हेतु सिविल डिफेंस और अग्निशमन विभाग का संयुक्त मॉक ड्रिल संपन्न
जमशेदपुर, 11 मई 2026: देशभर में आगजनी की बढ़ती घटनाओं और गर्मी के मौसम में अग्निकांड की आशंकाओं को ध्यान में रखते हुए, आज बर्मामाइंस स्थित बीपीएम (+2) हाई स्कूल में एक विशेष फायर सेफ्टी मॉक ड्रिल का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम सिविल डिफेंस (पूर्वी सिंहभूम) और बीपीएम स्कूल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया।
इस पहल का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों और आम जनमानस को आपातकालीन परिस्थितियों में सतर्कता, त्वरित बचाव और राहत कार्यों के प्रति जागरूक करना था।
मॉक ड्रिल के मुख्य अंश:
• आपातकालीन सायरन और निकासी: प्रातः 10:00 बजे विद्यालय की प्राचार्या श्रीमती रंजिता गांधी ने इमरजेंसी सायरन बजाकर मॉक ड्रिल का शुभारंभ किया। सायरन बजते ही सभी विद्यार्थियों को त्वरित और व्यवस्थित तरीके से क्लासरूम से बाहर निकालकर निर्धारित 'असेंबली प्वाइंट' (Assembly Point) पर एकत्रित किया गया।
• सर्च एवं रेस्क्यू ऑपरेशन: असेंबली प्वाइंट पर हेड काउंटिंग के दौरान चार बच्चों के भवन के अंदर फंसे होने की जानकारी मिली। इसके तुरंत बाद, सिविल डिफेंस के मास्टर ट्रेनर श्री जितेंद्र तिवारी द्वारा अग्निशमन विभाग को आपातकालीन सूचना दी गई। सिविल डिफेंस के वॉलंटियर्स और फायर फाइटर्स ने संयुक्त रूप से त्वरित रेस्क्यू अभियान चलाकर चारों बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला और उन्हें तत्काल प्राथमिक उपचार (First Aid) प्रदान किया।
• आग पर नियंत्रण: कक्ष में लगी आग को सिविल डिफेंस के वॉलंटियर्स ने फायर एक्सटिंग्यूशर की मदद से सफलतापूर्वक बुझाया, जबकि विद्यालय परिसर में लगी बड़ी आग पर अग्निशमन विभाग की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए काबू पाया।
जागरूकता एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण:
कार्यक्रम के दौरान सिविल डिफेंस के मास्टर ट्रेनर श्री जितेंद्र तिवारी ने उपस्थित विद्यार्थियों और शिक्षकों को आपात स्थिति में स्वयं को सुरक्षित रखते हुए जान-माल की रक्षा करने के महत्वपूर्ण उपाय बताए। साथ ही, अग्निशमन विभाग के श्री प्रवीण जी और उनकी टीम ने फायर एक्सटिंग्यूशर (अग्निशामक यंत्र) के सही संचालन एवं उपयोग का सजीव प्रदर्शन (Live Demonstration) किया। इस पूरे अभियान में सिविल डिफेंस के वॉलंटियर्स की भूमिका अत्यंत सक्रिय और सराहनीय रही।
भविष्य की योजनाएं:
सिविल डिफेंस, पूर्वी सिंहभूम के चीफ वार्डन श्री अरुण कुमार ने आगे की रणनीतियों पर प्रकाश डालते हुए कहा, "भविष्य में भी इस प्रकार के जागरूकता एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम जिले में निरंतर आयोजित किए जाएंगे। इसके लिए विभिन्न स्कूलों, कॉलेजों, अस्पतालों, प्रमुख बाजारों और आवासीय सोसाइटियों को विशेष रूप से चिह्नित किया जा रहा है ताकि जनसुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।कार्य कर्म का नेतृत्व श्री अरुण कुमार -चीफ वार्डन - सिविल डिफेन्स, पूर्बी सिंहभूम के द्वारा किया गया "
विशेष योगदान:
इस महत्वपूर्ण जन-जागरूकता कार्यक्रम को सफल बनाने में निम्नलिखित सदस्यों का अहम योगदान रहा:
• अधिकारी एवं प्रशासन: सिविल डिफेंस के चीफ वार्डन श्री अरुण कुमार, बड़ा बाबू श्री सुरेश प्रसाद।
• विद्यालय प्रबंधन: बीपीएम हाई स्कूल की प्राचार्या श्रीमती रंजिता गांधी, सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं विद्यालय स्टाफ।
• सिविल डिफेंस वॉलंटियर्स: ममता, विवेक, पुष्कर, इंद्रजीत, कुमकुम, स्मृति, गगनदीप एवं अन्य सक्रिय सदस्य।
निवेदक
अरुण कुमार
चीफ वार्डन
सिविल डिफेन्स
पूर्बी सिंहभूम





