BREAKING NEWS

logo

समाज को नशा मुक्त बनाने में शिक्षकों की भूमिका महत्वपूर्ण : शेखावत,डीसी


पलामू : 15 जून से 26 जून तक पूरे राज्य में निषिद्ध मादक पदार्थों के विरुद्ध चलाये जाने वाले राज्यव्यापी अभियान को लेकर गुरुवार को मेदिनीनगर के टाउन हॉल में शिक्षा विभाग की ओर से शिक्षकों हेतु प्रशिक्षण कार्यक्रम सह कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत, जिला शिक्षा पदाधिकारी सौरभ कुमार एवं जिला शिक्षा अधीक्षक संदीप कुमार,एडीपीओ अम्बुजया पांडेय ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उपायुक्त श्री शेखावत ने कहा कि नशा से खराब कुछ और नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि सबसे अधिक चिंता की बात यह है कि युवा वर्ग तेजी से नशे की चपेट में आ रहा है और अब इसका प्रभाव शिक्षण संस्थानों तक भी पहुंच चुका है। ऐसे में विद्यालयों को नशा मुक्त बनाये रखने में शिक्षकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।

उन्होंने कहा कि शिक्षकों की जिम्मेदारी केवल विद्यालय तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज को भी नशे के दुष्प्रभाव से बचाने की जिम्मेदारी उन पर है। उन्होंने सभी शिक्षकों से अपने-अपने विद्यालयों में मादक पदार्थों के सेवन से होने वाले नुकसान के संबंध में व्यापक जागरूकता अभियान चलाने एवं विद्यार्थियों के बीच लगातार जागरूकता संदेश देने का आह्वान किया।

उपायुक्त श्री शेखावत ने कहा कि विद्यालयों में मानव श्रृंखला, पेंटिंग प्रतियोगिता, स्लोगन राइटिंग प्रतियोगिता सहित विभिन्न रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से निषिद्ध मादक पदार्थों के विरुद्ध अभियान संचालित किया जाये। उन्होंने कहा कि नशा एक दलदल के समान है और हमारे युवा एवं स्कूली बच्चे इस दलदल में न फंसे, यह हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।कार्यशाला के दौरान 15 जून से 26 जून तक संचालित होने वाले अभियान के अंतर्गत विभिन्न तिथियों में आयोजित किये जाने वाले कार्यक्रमों, संबंधित विद्यालयों तथा शिक्षकों की भूमिका की विस्तृत जानकारी भी दी गयी। साथ ही अभियान को प्रभावी एवं सफल बनाने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किये गये साथ ही मौके पर उपस्थित सभी लोगों को नशा मुक्ति को लेकर शपथ भी दिलाया गया।