परिचालन शुरू होने से पहले ही धंसने लगी भारतमाला की सड़क, बाल-बाल बचे बच्चे
बरियातू में पहली बारिश ने खोली निर्माण गुणवत्ता की पोल, सांसद चंद्रप्रकाश चौधरी ने एनएचएआई अधिकारियों को लगाई फटकार
रांची एक्सप्रेस संवाददाता
गोला। भारतमाला परियोजना के तहत गोला प्रखंड के बरियातू में बनी सड़क का परिचालन शुरू भी नहीं हुआ है और पहली बारिश में ही सड़क धंसने लगी है। बरियातू में सर्विस रोड के किनारे का करीब 100 फीट से अधिक हिस्सा जगह-जगह फटकर धंस गया। सड़क के साथ लगी गार्डवाल एवं रेलिंग भी पूरी तरह धंस गई। सड़क के इस तरह धंसने से निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। बताया गया कि जिस स्थान पर सड़क का किनारा धंसा, उसके समीप ही आईपीएल और बीएमएल प्लांट स्थित हैं। घटना के समय सड़क के बगल में सैकड़ों बच्चे फुटबॉल खेल रहे थे। अचानक सड़क का हिस्सा धंसने से बच्चे बाल-बाल बच गए। घटना के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।
ग्रामीणों ने जताया कड़ा विरोध
सड़क धंसने की घटना के बाद ग्रामीणों ने भारतमाला परियोजना के तहत हो रहे निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए कड़ा विरोध जताया। ग्रामीणों का कहना है कि परियोजना के तहत बन रही सड़क में लगातार निर्माण गुणवत्ता की खामियां सामने आ रही हैं। कहीं सड़क बीचों-बीच फट रही है तो कहीं सड़क के किनारे का हिस्सा पूरी तरह फटकर धंस जा रहा है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग एवं निर्माण एजेंसी से तत्काल क्षतिग्रस्त हिस्से को दुरुस्त करने और निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच कराने की मांग की।
ग्रामीणों ने सांसद चंद्रप्रकाश चौधरी से की शिकायत
घटना की जानकारी ग्रामीणों ने गिरिडीह सांसद चंद्रप्रकाश चौधरी को दी। शिकायत मिलते ही सांसद ने निर्माण कार्य में सामने आई खामियों पर नाराजगी जताते हुए एनएचएआई के अधिकारियों से जवाब-तलब किया। सांसद ने एनएचएआई के अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाते हुए सवाल किया कि जब सड़क की यह स्थिति है तो क्वालिटी सर्टिफिकेट कैसे मिल गया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सड़क निर्माण की गुणवत्ता से किसी भी कीमत पर समझौता नहीं किया जाएगा।
पहले भी गुणवत्ता को लेकर जता चुके हैं चिंता
सांसद चंद्रप्रकाश चौधरी इस सड़क के निर्माण में गुणवत्ता को लेकर पूर्व में भी अपनी चिंता जता चुके हैं। उन्होंने कहा कि यदि निर्माण कार्य की गुणवत्ता में शीघ्र सुधार नहीं हुआ और निर्धारित मानकों का पालन सुनिश्चित नहीं किया गया, तो आवश्यकता पड़ने पर केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मिलकर पूरे मामले में कार्रवाई की मांग की जाएगी।
ग्रामीणों में आक्रोश
सड़क धंसने की घटना को लेकर ग्रामीणों में आक्रोश है। उनका कहना है कि करोड़ों रुपए की लागत से बन रही सड़क का परिचालन शुरू होने से पहले ही इस तरह धंसना निर्माण एजेंसी और संबंधित अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़ा करता है। विरोध जताने वालों में समाजसेवी चंदर महतो, अंगद महतो, रामाधार तिवारी, सुरेश महतो, सीतल महतो, मनोज महतो, मंटू महतो, सिधेश्वर महतो, कृपा सिंधु महतो, सोनू कुमार प्रसाद, दयाल महतो, मिथुन चौधरी, कीर्तन महतो, वीरेंद्र महतो, तीर्थनाथ महतो, नानू महतो सहित कई ग्रामीण शामिल थे।






