एनआईटी जमशेदपुर में रक्तदान एवं स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन
जमशेदपुर, 26 सितंबर 2026: एनआईटी जमशेदपुर में 26 सितंबर 2026 को रक्तदान एवं स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का उद्देश्य स्वैच्छिक रक्तदान, निवारक स्वास्थ्य देखभाल तथा संस्थान समुदाय में सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को बढ़ावा देना था।
कार्यक्रम का आयोजन एनआईटी जमशेदपुर एलुमनी एसोसिएशन (NITJAA) द्वारा इंडस्ट्री एंड इंटरनेशनल रिलेशंस (I&IR) तथा NSS, एनआईटी जमशेदपुर के सहयोग से किया गया। इसमें रेड क्रॉस तथा Motherhood Multi-speciality Hospital का भी सहयोग रहा। इस पहल का उद्देश्य संस्थान के विद्यार्थियों, शिक्षकों, कर्मचारियों तथा अन्य सदस्यों को इस महत्वपूर्ण सामाजिक कार्य में योगदान देने के लिए प्रोत्साहित करना था।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन समारोह के साथ हुआ। इस अवसर पर प्रो. (डॉ.) गौतम सूत्रधार, निदेशक, एनआईटी जमशेदपुर; प्रो. सरोज कुमार सारंगी, कुलसचिव, एनआईटी जमशेदपुर; डॉ. रश्मि सिन्हा, डीन, I&IR; डॉ. रत्नेश मिश्रा, NSS समन्वयक-प्रभारी; कर्नल विनय आहूजा, कमांडिंग ऑफिसर; श्री अरुण मिश्रा, सलाहकार बोर्ड सदस्य, NITJAA; श्री सी. डी. कुमार, सलाहकार बोर्ड सदस्य, NITJAA; श्री अनिल शुक्ला, महासचिव, NITJAA; कर्नल आर. पी. सिंह, एलुमनी सचिव, NITJAA; श्री संदीप मिश्रा, अध्यक्ष, NITJAA होम चैप्टर; श्री राजीव शुक्ला, महासचिव, NITJAA होम चैप्टर; तथा श्री अगम कुमार झा सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
इस अवसर पर गणमान्य अतिथियों ने स्वैच्छिक रक्तदान, सामुदायिक सेवा एवं सामाजिक उत्तरदायित्व के महत्व पर प्रकाश डाला तथा लोगों से जरूरतमंदों की सहायता के लिए आगे आने का आह्वान किया। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथियों को उनकी उपस्थिति एवं सहयोग के लिए सम्मानित भी किया गया।
230 लोगों ने किया रक्तदान
रक्तदान अभियान में एनआईटी जमशेदपुर समुदाय के सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कुल 230 लोगों ने रक्तदान किया, जो इस जीवनरक्षक पहल के प्रति समुदाय की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। रक्तदान शिविर का संचालन चिकित्सा दल की देखरेख में किया गया। स्वयंसेवकों ने पंजीकरण, रक्तदाताओं के मार्गदर्शन तथा शिविर की व्यवस्थाओं के समन्वय में सक्रिय भूमिका निभाई।
210 से अधिक लोगों ने स्वास्थ्य जांच में लिया भाग
रक्तदान अभियान के साथ-साथ स्वास्थ्य जांच शिविर का भी आयोजन किया गया, जिसमें 210 से अधिक लोगों ने पंजीकरण कर स्वास्थ्य जांच में भाग लिया।
Motherhood Multi-speciality Hospital के चिकित्सकों द्वारा स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की गईं, जिनमें शामिल रहे:
डॉ. प्रिया वर्मा – स्त्री रोग विशेषज्ञ
डॉ. अजीत कुमार सिंह – जनरल एवं लैप्रोस्कोपिक सर्जन
डॉ. तुलिका कुमारी – हृदय रोग विशेषज्ञ
Motherhood Multi-speciality Hospital की चिकित्सा एवं सहयोगी टीम
स्वास्थ्य जांच पहल के माध्यम से प्रतिभागियों को चिकित्सकीय परामर्श प्राप्त करने के साथ-साथ नियमित स्वास्थ्य जांच एवं निवारक स्वास्थ्य देखभाल के महत्व के प्रति जागरूक होने का अवसर मिला।
NSS स्वयंसेवकों एवं एलुमनी टीम का योगदान
कार्यक्रम के सफल आयोजन में NSS के छात्र स्वयंसेवकों—निर्मल, मानवेंद्र, गौरव एवं शनुप्रिया ने सक्रिय भूमिका निभाई। उन्होंने पंजीकरण, समन्वय एवं शिविर के सुचारू संचालन में महत्वपूर्ण सहयोग दिया।
NITJAA एलुमनी टीम के आदित्य एवं विवेक ने भी कार्यक्रम के समन्वय एवं आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
NITJAA, I&IR, NSS, रेड क्रॉस, Motherhood Multi-speciality Hospital, छात्र स्वयंसेवकों एवं एलुमनी सदस्यों के सामूहिक प्रयासों से रक्तदान एवं स्वास्थ्य जांच शिविर सफलतापूर्वक आयोजित किया गया।
निदेशक का संदेश
इस अवसर पर प्रो. (डॉ.) गौतम सूत्रधार, निदेशक, एनआईटी जमशेदपुर ने सभी आयोजन सहयोगियों, चिकित्सा विशेषज्ञों, स्वयंसेवकों एवं प्रतिभागियों के सामूहिक प्रयासों की सराहना की।
उन्होंने कहा, “रक्तदान मानवता की सेवा करने के सबसे सरल और सार्थक तरीकों में से एक है। रक्त की प्रत्येक यूनिट किसी जरूरतमंद व्यक्ति के लिए जीवनदायिनी साबित हो सकती है। मैं एनआईटी जमशेदपुर समुदाय की उत्साहपूर्ण भागीदारी तथा NITJAA, I&IR, NSS, रेड क्रॉस और Motherhood Multi-speciality Hospital के सहयोगात्मक प्रयासों की सराहना करता हूं। रक्तदान के साथ-साथ नियमित स्वास्थ्य जांच भी एक स्वस्थ एवं जिम्मेदार समुदाय के निर्माण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। मैं सभी से ऐसे आयोजनों में निरंतर भाग लेने और एक स्वस्थ एवं संवेदनशील समाज के निर्माण में योगदान देने का आह्वान करता हूं।”
कार्यक्रम के अंत में सभी गणमान्य अतिथियों, आयोजकों, चिकित्सा विशेषज्ञों, स्वयंसेवकों एवं प्रतिभागियों, विशेष रूप से रक्तदाताओं, के प्रति आभार व्यक्त किया गया। इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि सेवा का एक छोटा-सा प्रयास भी महत्वपूर्ण बदलाव ला सकता है और किसी का जीवन बचाने में सहायक हो सकता है।
“रक्तदान करें, जीवन बचाएं।”





