भाजपा के दबाव में सरकार को करनी पड़ी कार्रवाई, छात्रों की आवाज़ को दबाना लोकतंत्र के साथ अन्याय : अन्नपूर्णा देवी
रांची एक्सप्रेस संवाददाता
गिरिडीह: केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री एवं कोडरमा सांसद अन्नपूर्णा देवी ने झारखंड में जेपीएससी ज़एसएससी और अन्य भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के विरोध में आंदोलन कर रहे छात्रों के समर्थन में राज्य सरकार से तत्काल ठोस और संवेदनशील पहल करने की मांग की है उन्होंने कहा कि लाखों छात्र-छात्राएं अपने भविष्य और न्यायपूर्ण अधिकारों के लिए शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन राज्य सरकार उनकी आवाज़ सुनने के बजाय संवेदनहीन रवैया अपना रही है। उनका कहना था कि चार छात्र भूख हड़ताल पर हैं और हजारों युवा सड़कों पर न्याय की मांग कर रहे हैं, फिर भी सरकार की ओर से कोई सार्थक संवाद या पहल नहीं की गई है अन्नपूर्णा देवी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और इंडिया गठबंधन पर भी निशाना साधते हुए सवाल किया कि जो नेता देशभर में छात्रों के मुद्दों पर राजनीति करते हैं, वे झारखंड के छात्रों के आंदोलन पर मौन क्यों हैं। उन्होंने कहा कि छात्रों का दर्द सरकार और राज्य देखकर नहीं तय किया जाना चाहिए केंद्रीय मंत्री ने मांग की कि जेपीएससी ज़एसएससी तथा अन्य विवादित भर्ती प्रक्रियाओं की सीबीआई से निष्पक्ष जांच कराई जाए। साथ ही प्रतिबंधित एजेंसी टीडीपीएल द्वारा आयोजित सभी भर्ती परीक्षाओं को रद्द कर पारदर्शी प्रक्रिया के तहत दोबारा आयोजित किया जाए ताकि युवाओं का विश्वास बहाल हो सके उन्होंने दावा किया कि भारतीय जनता पार्टी ने इस मुद्दे को शुरू से सड़क से लेकर सदन तक मजबूती से उठाया जिसके दबाव में सीआईडी ने कार्रवाई शुरू की और जेपीएससी अध्यक्ष को इस्तीफा देना पड़ा






