दिल्ली में छात्रों के प्रदर्शन पर झारखंड के युवा लेखक अंशुमन भगत की प्रतिक्रिया...
देशभर में नीट पेपर लीक को लेकर छात्रों का आक्रोश, कई शहरों में प्रदर्शन; झारखंड से लेखक अंशुमन भगत ने जताई चिंता, शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार का समर्थन करते हुए निष्पक्ष जांच की मांग।
झारखंड। नीट पेपर लीक मामले को लेकर देशभर में छात्रों का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। दिल्ली, पटना, मुंबई, नागपुर, सूरत समेत कई शहरों में छात्र सड़कों पर उतरकर विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर भी इस आंदोलन की व्यापक चर्चा है और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े कई चर्चित चेहरे तथा सेलिब्रिटीज़ भी छात्रों के समर्थन में अपनी प्रतिक्रिया देते नजर आ रहे हैं। इसी क्रम में झारखंड के युवा लेखक अंशुमन भगत ने भी अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की है।
लेखक अंशुमन भगत ने दिल्ली में नीट पेपर लीक मामले को लेकर छात्रों के विरोध-प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्होंने अब तक सोशल मीडिया और सार्वजनिक रूप से उपलब्ध वीडियो व तस्वीरों में जो देखा है, उससे उन्हें ऐसा प्रतीत होता है कि प्रदर्शन कर रहे छात्रों के साथ पुलिस द्वारा कठोर कार्रवाई की गई है। उन्होंने कहा कि यदि किसी भी शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान आवश्यकता से अधिक बल प्रयोग हुआ है, तो इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
अंशुमन भगत ने कहा, "मैं स्वयं दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित प्रदर्शन में शामिल नहीं हुआ था, इसलिए वहां की परिस्थितियों का प्रत्यक्षदर्शी नहीं हूं। लेकिन सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो और तस्वीरों को देखकर मुझे लगा कि छात्रों के साथ सख्ती की गई है। ऐसे समय में छात्रों की लोकतांत्रिक तरीके से आवाज उठाने के अधिकार के समर्थन में खड़ा होना जरूरी है।"
उन्होंने आगे कहा, "संभव है कि यह आंदोलन देश में सकारात्मक बदलाव की शुरुआत बने। लोकतंत्र में युवाओं की आवाज को सुना जाना चाहिए और यदि किसी पक्ष की ओर से कानून का उल्लंघन हुआ है, तो उसकी निष्पक्ष जांच कर कानून के अनुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।"
अंशुमन भगत समकालीन हिंदी के युवा लेखक हैं, जो सामाजिक, प्रेरणात्मक और समसामयिक विषयों पर अपने लेखन के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने कई पुस्तकें लिखी हैं, जिनमें "एक सफर में" विशेष रूप से चर्चित रही। उनकी यह पुस्तक बॉलीवुड की पृष्ठभूमि पर आधारित है और फिल्मी दुनिया से जुड़े कलाकारों के जीवन में आने वाले संघर्षों, उतार-चढ़ाव तथा मायानगरी मुंबई की वास्तविकताओं को प्रस्तुत करती है। इसके अलावा अंशुमन भगत के प्रेरणादायक एवं विचारोत्तेजक विचार देश-विदेश के पाठकों के बीच साझा किए जाते रहे हैं। लेखन के माध्यम से वे समाज, युवाओं और समसामयिक मुद्दों पर अपनी बेबाक सोच व्यक्त करते रहते हैं।




