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भाजपा ने किया दुमका समाहरणालय का घेराव


• JPSC-JSSC नियुक्तियों में धांधली का आरोप

रांची एक्सप्रेस संवाददाता 

दुमका‌ : झारखंड में सरकारी नियुक्तियों में कथित धांधली को लेकर सियासत तेज हो गई है। मंगलवार को भाजपा ने JPSC और JSSC नियुक्तियों में गड़बड़ी, नौकरी के नाम पर वसूली और आंदोलनरत छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग को लेकर दुमका समाहरणालय का घेराव किया।

भाजपा कार्यकर्ताओं ने यज्ञ मैदान से जुलूस निकाला, जो शहर के मुख्य मार्गों से होते हुए समाहरणालय पहुंचा। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने हेमंत सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि पिछले पांच-छह साल में हुई सभी सरकारी नियुक्तियों की CBI जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि JPSC और JSSC की परीक्षाओं में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी हुई है, जिसकी निष्पक्ष जांच जरूरी है।

श्री मरांडी ने कहा कि छात्र अपने हक के लिए शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे थे, उन्होंने किसी को गाली नहीं दी, फिर भी उन पर मुकदमे दर्ज कर दिए गए। उन्होंने आरोप लगाया कि पुतला दहन के दौरान झामुमो समर्थकों ने छात्रों के साथ मारपीट की, लेकिन कार्रवाई उल्टा निर्दोष छात्रों पर ही हुई। भाजपा छात्रों के साथ खड़ी है और सरकार को बिना शर्त मुकदमे वापस लेने चाहिए।

नेता प्रति‌पक्ष ने कहा कि सरकार नियुक्ति घोटालों में सिर्फ आईवॉश कर रही है। कई मामलों में आज तक चार्जशीट तक दाखिल नहीं हुई है। राज्य में नौकरी बेचने के लिए दलालों का नेटवर्क सक्रिय है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक परीक्षा में 150 में से 135 प्रश्नों के उत्तर पहले से रटवा दिए गए थे। ऐसे में CBI जांच से ही सच सामने आएगा।

उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सरकार मांगें नहीं मानती है तो आंदोलन और तेज किया जाएगा और जरूरत पड़ी तो जेल भरो आंदोलन भी किया जाएगा।

भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष सुनील सोरेन ने कहा कि सरकार ने गिट्टी-बालू बेचने के बाद अब नौकरी बेचना शुरू कर दिया है, ऐसी सरकार को सत्ता में रहने का हक नहीं है। युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं होगा।

पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अभयकांत प्रसाद ने कहा कि निर्दोष नौजवानों पर FIR दर्ज कर दी गई, जबकि असली दोषी बाहर घूम रहे हैं। सरकार तत्काल मुकदमे वापस ले।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भाजपा नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।