जमशेदपुर से होमगार्ड भर्ती को लेकर बड़ी अपडेट सामने आई है। पूर्वी सिंहभूम जिले में होने वाली होमगार्ड चयन प्रक्रिया के दौरान शारीरिक दक्षता परीक्षा को ज्यादा तकनीकी और रिकॉर्ड आधारित बनाने की तैयारी की जा रही है। नई व्यवस्था के तहत अभ्यर्थियों की ऊंची कूद, लंबी कूद और गोला फेंक जैसी स्पर्धाओं की निगरानी इलेक्ट्रॉनिक सेंसर मशीनों के जरिए किए जाने की योजना है। इसके लिए जिला प्रशासन की ओर से निविदा जारी की गई है। निविदा जमा करने की अंतिम तारीख 8 अक्टूबर 2026 निर्धारित की गई है और उसी दिन शाम से पहले टेंडर खोले जाने की प्रक्रिया प्रस्तावित है। सिर्फ कूद और गोला फेंक तक ही तकनीक सीमित नहीं रहेगी। रिपोर्ट के अनुसार दौड़ की परीक्षा के लिए भी इलेक्ट्रॉनिक चिप आधारित व्यवस्था की तैयारी की गई है। अभ्यर्थियों के पैर पर चिप लगाने या बांधने की व्यवस्था के जरिए दौड़ का समय अधिक सटीक तरीके से दर्ज किया जा सकेगा। इससे बहुत कम अंतर से आने वाले समय के फर्क को भी रिकॉर्ड करने में मदद मिलेगी। इस तकनीकी व्यवस्था का उद्देश्य शारीरिक दक्षता परीक्षा के दौरान प्रदर्शन का ज्यादा सटीक रिकॉर्ड तैयार करना है। सेंसर आधारित माप से लंबी कूद की दूरी, ऊंची कूद के प्रदर्शन और गोला फेंकने की दूरी को इलेक्ट्रॉनिक तरीके से दर्ज किया जा सकेगा। इसके साथ ही परीक्षा स्थल पर सीसीटीवी कैमरों और वीडियो रिकॉर्डिंग की व्यवस्था भी बनाए रखने की बात सामने आई है। यानी अभ्यर्थियों के प्रदर्शन की निगरानी के लिए तकनीकी माध्यमों की कई स्तरों वाली व्यवस्था रखने की तैयारी है। पूर्वी सिंहभूम जिले में कुल 1,259 होमगार्ड पदों पर चयन की प्रक्रिया प्रस्तावित है। इसमें ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के साथ-साथ महिला और पुरुष अभ्यर्थियों के लिए अलग-अलग श्रेणियां शामिल हैं। भर्ती प्रक्रिया में शारीरिक दक्षता परीक्षा महत्वपूर्ण चरण है। ऐसे में प्रशासन की ओर से इसके मूल्यांकन को अधिक व्यवस्थित और तकनीकी बनाने की तैयारी की जा रही है। फिलहाल सेंसर मशीनों की व्यवस्था के लिए टेंडर प्रक्रिया चल रही है। टेंडर पूरा होने और चयनित एजेंसी को जिम्मेदारी मिलने के बाद आगे की तकनीकी व्यवस्था को अंतिम रूप दिया जाएगा। रिपोर्ट के मुताबिक मौजूदा प्रशासनिक प्रक्रिया के कारण शारीरिक दक्षता परीक्षा की शुरुआत तत्काल होने की संभावना कम बताई गई है। आगे की तारीख और विस्तृत कार्यक्रम प्रशासन की ओर से जारी किया जाएगा। नई व्यवस्था लागू होने पर अभ्यर्थियों के प्रदर्शन का इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड तैयार होगा। इससे दौड़ के समय और कूद या गोला फेंक जैसी स्पर्धाओं में हासिल प्रदर्शन को तकनीकी उपकरणों के माध्यम से दर्ज किया जा सकेगा। हालांकि अभ्यर्थियों को भर्ती से जुड़े आधिकारिक नियम, शारीरिक दक्षता के मानक और परीक्षा की तारीखों की जानकारी जिला प्रशासन की आधिकारिक सूचना से ही प्राप्त करनी चाहिए। कुल मिलाकर, जमशेदपुर में प्रस्तावित होमगार्ड भर्ती प्रक्रिया में तकनीक की भूमिका बढ़ने जा रही है। दौड़ के साथ-साथ ऊंची कूद, लंबी कूद और गोला फेंक जैसी स्पर्धाओं को इलेक्ट्रॉनिक निगरानी से जोड़ने की तैयारी है। 1,259 पदों वाली इस भर्ती में अब आगे की प्रक्रिया पर अभ्यर्थियों की नजर बनी हुई है।दौड़ में भी इलेक्ट्रॉनिक तकनीक का इस्तेमाल
शारीरिक परीक्षा में पारदर्शिता पर जोर
1259 पदों पर होमगार्ड भर्ती
अभी प्रक्रिया किस चरण में है?
अभ्यर्थियों के लिए क्या मायने रखता है?
जमशेदपुर में होमगार्ड भर्ती का फिजिकल टेस्ट अब सेंसर की निगरानी में, 1259 पदों पर होगी बहाली






