सड़क हादसे में युवक की मौत, मंत्री ने परिजनों को दी 5.30 लाख की तत्काल सहायता
शमशाद के परिजनों को पांच लाख और घायल जाहिद के परिवार को 30 हजार का चेक, इलाज का पूरा खर्च उठाने का भरोसा।
उदय किशोर सिंह
नारायणपुर/जामताड़ा। नारायणपुर के लोहरंगी मोड़ पर 20 सितंबर को हुई भीषण सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल शमशाद अंसारी की मंगलवार को इलाज के दौरान मौत हो गई। वहीं हादसे में घायल जाहिद अंसारी का इलाज जारी है। घटना की जानकारी मिलते ही स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल पहल की और पीड़ित परिवार को हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया।
मंत्री की पहल पर मृतक शमशाद अंसारी के शव का पोस्टमार्टम कराया गया और पार्थिव शरीर को उनके पैतृक गांव कोलहर पहुंचाने की व्यवस्था की गई। इसके बाद डॉ. इरफान अंसारी स्वयं कोलहर पहुंचे और शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर गहरी संवेदना व्यक्त की।
इस दौरान मंत्री ने मृतक शमशाद अंसारी के परिजनों को पांच लाख रुपये का चेक तथा घायल जाहिद अंसारी के परिवार को 30 हजार रुपये की तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान की। साथ ही जाहिद अंसारी के इलाज का पूरा खर्च सुनिश्चित कराने का भरोसा भी दिया।
डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि आपदा प्रबंधन विभाग के माध्यम से मृतक के परिवार को जल्द ही दो लाख रुपये की अतिरिक्त सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। इसके अलावा इंश्योरेंस क्लेम सहित अन्य सरकारी योजनाओं और विभागीय स्तर पर मिलने वाले लाभ भी पीड़ित परिवार तक पहुंचाने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
मंत्री ने भावुक होते हुए कहा, “मैं शमशाद की जान वापस तो नहीं ला सकता, लेकिन इस मुश्किल घड़ी में परिवार के साथ मजबूती से खड़ा हूं। पीड़ित परिवार को अकेला नहीं छोड़ा जाएगा और हर संभव मदद की जाएगी। जनता के सुख-दुख में खड़ा रहना मेरा कर्तव्य है।”
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि पीड़ित परिवार को मिलने वाली सभी सरकारी सहायता जल्द से जल्द उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की जनता का विश्वास उन्हें और अधिक संवेदनशीलता के साथ काम करने की प्रेरणा देता है।
गौरतलब है कि दुर्घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क जाम कर विरोध जताया था। मंत्री की तत्काल पहल, पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता और हरसंभव सहयोग के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने सड़क जाम समाप्त कर दिया।
मंत्री की पहल से हादसे में प्रभावित परिवार को तत्काल आर्थिक संबल मिला है। वहीं ग्रामीणों ने भी पीड़ित परिवार के साथ खड़े होने और सहायता उपलब्ध कराने के लिए किए गए प्रयासों पर भरोसा जताया।






