डीएवी के नन्हे-मुन्नों ने वृद्धाश्रम पहुंचकर बुजुर्गों से साझा की खुशियां
बुजुर्गों को स्नेह और सहयोग देना हमारा नैतिक दायित्व : डॉ. विजय कुमार
जामताड़ा। सावित्री देवी डीएवी पब्लिक स्कूल, जामताड़ा के एलकेजी और यूकेजी के नन्हे-मुन्ने विद्यार्थियों ने मंगलवार को जामताड़ा स्थित वृद्धाश्रम पहुंचकर वहां रह रहे बुजुर्गों से मुलाकात की। बच्चों ने बुजुर्गों के साथ समय बिताया और उनके बीच खुशियां साझा कीं। इस दौरान बच्चों ने केक काटकर बुजुर्गों को खिलाया और उनसे बातचीत की।
विद्यालय परिवार की ओर से वृद्धाश्रम में रहने वाले बुजुर्गों के लिए मच्छरदानी, बेडशीट, फल, बिस्किट, मूढ़ी, हार्लिक्स सहित अन्य खाद्य सामग्री भेंट की गई। वहीं, विद्यालय की चिकित्सक डॉ. शालिनी कृष्णन ने वृद्धजनों के स्वास्थ्य की जांच कर आवश्यक चिकित्सकीय सलाह दी।
इस अवसर पर विद्यालय के प्राचार्य डॉ. विजय कुमार ने कहा कि भारत में सितंबर के पहले रविवार को पितामह दिवस मनाया जाता है। इसी भावना के तहत विद्यालय के विद्यार्थियों को वृद्धाश्रम लाकर बुजुर्गों से मिलाया गया, ताकि बच्चों में बुजुर्गों के प्रति सम्मान, संवेदना और सेवा की भावना विकसित हो।
उन्होंने कहा कि वृद्धजन हमारे समाज का अभिन्न हिस्सा हैं और वे स्नेह, सम्मान तथा देखभाल के हकदार हैं। समय-समय पर उनसे मिलना, बातचीत करना और यथासंभव सहयोग करना हम सभी का नैतिक दायित्व है। उन्होंने कहा कि मानव सेवा ही ईश्वर की सच्ची सेवा है।
कार्यक्रम में डॉ. शालिनी कृष्णन, शिक्षिका सुपर्णा राय, मीठू कुमारी, शिक्षक अभिषेक दुबे, तपन यादव, अनुपम लाभ, अजय कुमार, नसीमा खातून सहित स्थानीय विद्यार्थी भी उपस्थित थे।






