राहुल कुमार पुरवार (आई ए एस )के स्वागत एवं आश्वासन से अभिभूत हूं : हृदयानंद मिश्र
मेदिनीनगर। झारखंड के अपर मुख्य सचिव, उच्चतर शिक्षा विभाग, राहुल कुमार पुरवार, आईएएस से उनके कार्यालय में हुई मुलाकात को लेकर वरिष्ठ अधिवक्ता एवं सदस्य, हिन्दू धार्मिक न्यास बोर्ड झारखंड हृदयानंद मिश्र ने कहा कि पुरवार की आत्मीयता, कार्यशैली तथा जनहित के प्रति उनकी प्रतिबद्धता से वे अत्यंत प्रभावित और अभिभूत हैं।
मिश्र ने कहा कि राहुल कुमार पुरवार से उनका परिचय उनकी कार्यप्रणाली और जनहित से जुड़े विषयों के प्रति उनकी संवेदनशीलता के कारण पहले से रहा है। मुलाकात के दौरान उन्होंने पुरवार की कार्यशैली की प्रशंसा करते हुए कहा कि प्रशासनिक पद पर रहते हुए जनहित के विषयों को व्यावहारिक रूप से जमीन पर उतारने की उनकी सोच सराहनीय है।
इस अवसर पर हृदयानंद मिश्र ने राहुल कुमार पुरवार को उनके सम्मान में स्वरचित कविता भी भेंट की। कविता के प्रति पुरवार ने आत्मीयता व्यक्त करते हुए हृदयानंद मिश्र का धन्यवाद किया और उनके प्रति हार्दिक आभार प्रकट किया।
मुलाकात के दौरान नीलांबर-पीतांबर विश्वविद्यालय (NPU) परिसर में संविधान सभा के सदस्य एवं स्वतंत्रता सेनानी यदुवंश सहाय तथा स्वतंत्रता सेनानी एवं संविधान सभा के सदस्य अमिय कुमार घोष की प्रतिमा स्थापित करने का विषय प्रमुखता से उठाया गया। साथ ही दोनों महान स्वतंत्रता सेनानियों की स्मृति को स्थायी रूप देने के लिए उनके नाम पर विश्वविद्यालय परिसर में सभागार अथवा किसी महत्वपूर्ण संस्थागत परिसर का नामकरण किए जाने का भी प्रस्ताव रखा गया।
हृदयानंद मिश्र ने कहा कि यदुवंश सहाय और अमिय कुमार घोष पलामू की स्वतंत्रता आंदोलन तथा सार्वजनिक जीवन की महत्वपूर्ण विरासत हैं। विश्वविद्यालय परिसर में उनकी प्रतिमाएं स्थापित होना और उनके नाम पर किसी प्रमुख संस्थान अथवा सभागार का नामकरण होना आने वाली पीढ़ियों को इतिहास, लोकतंत्र और स्वतंत्रता संघर्ष के मूल्यों से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम होगा।
मिश्र के अनुसार, राहुल कुमार पुरवार ने इस प्रस्ताव पर सकारात्मक सहमति व्यक्त की और विषय को उचित स्तर पर आगे बढ़ाने के प्रति आश्वस्त किया।
मुलाकात के दौरान उच्च शिक्षा व्यवस्था में केवल कागजी या प्रशासनिक बदलाव तक सीमित न रहकर व्यावहारिक एवं धरातलीय परिवर्तन लाने की आवश्यकता पर भी विस्तार से चर्चा हुई। हृदयानंद मिश्र ने कहा कि विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों की वास्तविक समस्याओं को समझते हुए ऐसे सुधार किए जाने चाहिए, जिनका प्रत्यक्ष लाभ विद्यार्थियों, शिक्षकों और समाज को दिखाई दे।
इस पर राहुल कुमार पुरवार ने आश्वस्त किया कि उच्च शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे सुधारों को व्यावहारिक रूप से पूरे राज्य में अमलीजामा पहनाने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि वे निकट भविष्य में पलामू आएंगे और उस दौरान हृदयानंद मिश्र से संपर्क करेंगे।
हृदयानंद मिश्र ने कहा कि यह मुलाकात उनके लिए केवल औपचारिक भेंट नहीं थी, बल्कि पलामू की ऐतिहासिक विरासत, विश्वविद्यालय की आवश्यकताओं और झारखंड की उच्च शिक्षा व्यवस्था में सकारात्मक परिवर्तन के विषय में सार्थक संवाद का अवसर थी।
उन्होंने कहा कि उन्हें विश्वास है कि राहुल कुमार पुरवार जैसे संवेदनशील एवं जनहित को प्राथमिकता देने वाले अधिकारी के प्रयासों से झारखंड की उच्च शिक्षा व्यवस्था में ऐसे बदलाव देखने को मिलेंगे, जिनका प्रभाव विश्वविद्यालयों के परिसर से निकलकर समाज के व्यापक वर्ग तक पहुंचेगा।
मुलाकात के दौरान इंटक के राजकुमार सिंह, चंदवा के समाजसेवी द्वय प्रदीप उपाध्याय संजय सिंह एवं अभिषेक कुमार उपाध्याय भी उपस्थित थे।






