खनिज विधेयक झारखंड विरोधी: झामुमो ने की प्रेसवार्ता, आंदोलन की दी चेतावनी
• जरूरत पड़ी तो होगा चक्का जाम:- जिलाध्यक्ष
रांची एक्सप्रेस संवाददाता
देवघर : केंद्र सरकार द्वारा लाए गए खान एवं खनिज संपदा संशोधन विधेयक के विरोध में झामुमो देवघर जिला कमिटी ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया। पार्टी ने इसे राज्य के अधिकारों पर सीधा हमला बताते हुए सड़क से सदन तक संघर्ष की चेतावनी दी।
जिलाध्यक्ष संजय शर्मा ने कहा कि संसद के मौजूदा सत्र में बिना किसी चर्चा के केंद्र की भाजपा सरकार ने राज्यसभा और लोकसभा से यह विधेयक पास करा लिया है। यह सीधे-सीधे झारखंड की जनता के हितों के खिलाफ है।
उन्होंने आरोप लगाया कि जिस खनिज राजस्व के आधार पर राज्य में मैया सम्मान योजना, सावित्री फुले योजना और अबुआ आवास जैसी कल्याणकारी योजनाएं चल रही हैं, उसी पर मोदी सरकार की नजर है। यह कानून राज्य की विकास योजनाओं को प्रभावित करने की एक साजिश है।
श्री शर्मा ने कहा पहले जो कानून हमें अपने राज्य के विकास के लिए अधिकार देता था, अब उसे छीनने की कोशिश की जा रही है। भाजपा की सरकार लगभग सभी राज्यों में है, सिर्फ झारखंड में नहीं। इसलिए झामुमो सरकार को अस्थिर करने के लिए यह प्लान बनाया गया है। एक तरफ हमारा बकाया नहीं दिया जा रहा, दूसरी तरफ अब खनिज संपदा पर भी अधिकार जमाने की कोशिश हो रही है।
नेताओं ने चेतावनी दी कि इस विधेयक के लागू होते ही राज्य के फंड पर असर पड़ेगा और लोगों के अधिकार छिन जाएंगे। केंद्र सरकार झारखंड में चल रही जनहित योजनाओं को बंद करवाना चाहती है।
संजय शर्मा ने कहा हमने झारखंड लड़कर लिया है, अपने अधिकार भी लड़कर लेंगे। अगर जरूरत पड़ी तो जनता के हित में हम सड़क पर उतरकर महासंग्राम करेंगे। केंद्रीय निर्देश के आधार पर चक्का जाम भी किया जाएगा।
उन्होंने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भी अपील की कि वे राज्य की स्थिति से अवगत हैं और झारखंड को बचाने के लिए आगे आएं।
प्रेसवार्ता में जिलाध्यक्ष संजय कुमार शर्मा के साथ महापौर रवि राउत, जिला सचिव दिनेश्वर किस्कू, केंद्रीय सदस्य परिमल सिंह उर्फ भूपेन सिंह, लड्डू नरोने, वरिष्ठ नेता सुरेश साह और नगर अध्यक्ष प्रदीप चौधरी मौजूद थे।






