सारठ के दीवान बगीचा काली मंदिर में धूमधाम से हुई माता विपद्तारिणी पूजा
■ दर्जनों गांवों की हजारों महिलाओं ने की महाआरती, मांगी सुख-समृद्धि
रांची एक्सप्रेस संवाददाता
सारठ (देवघर) : आस्था और श्रद्धा के साथ शनिवार को सारठ के दीवान बगीचा काली मंदिर में माता विपद्तारिणी की वार्षिक पूजा बड़े धूमधाम से संपन्न हुई।
बंगाली समुदाय की महिलाओं द्वारा हर वर्ष आयोजित इस पूजा में इस बार अन्य समुदाय की महिलाओं ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया।
पूजा को लेकर सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक मंदिर प्रांगण श्रद्धालु महिलाओं से भरा रहा। सारठ, मिसराडीह, खैरबनी, दोमुहानी सहित प्रखंड के करीब एक दर्जन गांवों से हजारों महिलाएं पूजा में शामिल हुईं।
बंगाली समुदाय के नेक-नियम और विधि-विधान के अनुसार पंडित राजेश राजहंस द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजा कराई गई। विधान के अनुसार माता को तेरह प्रकार के फलों का भोग लगाया गया। पूजा के दौरान पंडित ने माता विपद्तारिणी कथा का श्रवण कराया। कथा में बताया गया कि विपद्तारिणी पूजा से सभी विपत्तियां दूर होती हैं और परिवार में सुख-समृद्धि आती है।
शाम 4 बजे सैकड़ों महिलाओं ने एक साथ महाआरती की। इसके बाद देर शाम तक मंदिर में भजन-कीर्तन और जयकारों से माहौल भक्तिमय बना रहा। महिलाओं ने एक-दूसरे की मांग में सिंदूर भरकर सदा सुहागन रहने की कामना की और क्षेत्र की खुशहाली व परिवार की सुख-शांति के लिए प्रार्थना की।
पूजा को सफल बनाने में संतोष डे, कार्तिक विश्वास, पोचन चंद, प्रतोष डे, धीरन दास, कार्तिक डे, सुमन डे, गुना डे, सोनू डे, सौदागर डे, गुड्डू शाह, अक्षय गुप्ता, नारायण डे, पांडव चंद, सुबोध डे, जीत डे, बिट्टू डे सहित अन्य लोगों का विशेष सहयोग रहा।




